Total Visitors : 8 6 6 5 0 3

केंद्र सरकार के बीच रिश्ता तनातनी में चल रहा था . ...

भारतीय रिजर्व बैंक के गर्वनर उर्जित पटेल ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया पिछले कुछ महीनों से उर्जित और केंद्र सरकार के बीच रिश्ता तनातनी में चल रहा था। इस बीच सोमवार को उर्जित पटेल ने अपने पद से इस्तीफा देते हुए सबकों चौंका दिया। उर्जित पटेल ने अपने इस्तीफे के पीछे व्यक्तिगत कारणों का हवाला दिया है। अपने इस्तीफे में उर्जित पटेल ने कहा कि  व्यक्तिगत कारणों की वजह से मैंने मौजूदा गर्वनर पद को तत्काल प्रभाव से छोड़ने का फैसला लिया है  सालों तक रिजर्व बैंक में अलग-अलग जिम्मेदारियों के साथ मुझे सेवा करने का मौका मिला, यह मेरे लिए सम्मान की बात है। 

अपने इस्तीफा पत्र में उर्जित पटेल ने आगे लिखा कि आरबीआई ने अपने स्टाफ, ऑफिसर्स और मैनेजमेंट के समर्थन और कड़ी मेहनत के दम पर हाल के वर्षों में कई उपलब्धियां हासिल की हैं। अपने विदाई के इस मौके पर मैं अपने साथियों और आरबीआई के निदेशकों के प्रति कृतज्ञता जाहिर करता हूं और उन्हें भविष्य की शुभकामनाएं देता हूं। बताते चले कि उर्जित पटेल का कार्यकाल सितंबर 2019 में खत्म होने वाला था। रघुरामराजन के बाद भारतीय रिजर्व बैंक के 24 गवर्नर के रूप में उर्जित पटेल को 20 अगस्त 2016 को गवर्नर बनाए जाने की घोषणा की गई थी। उर्जित का कार्यकाल तीन सालों का था लेकिन केंद्र सरकार से जारी तनातनी के बीच उर्जित ने सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। हाल ही में केंद्र सरकार की ओर से रिज़र्व बैंक अधिनियम की धारा-7 के तहत आरबीआई को निर्देश दिए जाने और रिज़र्व बैंक की कमाई में सरकार के हिस्से को लेकर नियम बनाने जैसे मामलों को लेकर विवाद चल रहा था।

Related News

Leave a Reply